Sunday, July 3, 2022

छ.ग. राज्य में बढ़ सकता है कोरोना, बड़े अस्पताल से गायब सुरक्षा/बचाव हेतु सेनेटाईजर

Reported by : दिनेश चंद्र कुमार,,,,, Edited by : नाहिदा कुरैशी…….

Raipur : पुरा देश कोरोना वायरस के संक्रमण से जूझ रहा और हर नागरिक को वायरस संक्रमण से बचाव के लिए कई अहम दिशा-निर्देश भी जारी किये गये हैं, साथ ही हर शासकीय/अर्ध-शासकीय कार्यालयों व हर सार्वजनिक स्थलो में अनिवार्य रूप से सेनेटाईजर रखने एवं इस्तेमाल उपयोग करने सुझाव दी जा रही है. वहीं कुछ ऐसे सार्वजनिक जगहो व शासकीय विभागो में जारी दिशा-निर्देश का पालन नहीं करते पाया जा रहा है या फिर यह कहॉ जा सकता है कि कई खामियाँ पाई जा रही है.

बड़े अस्पताल से गायब सुरक्षा/बचाव हेतु सेनेटाईजर

इस पर छतीसगढ डाईजेस्ट समाचार टीम ने पडताल की और पाया कि खमतराई जोन-1 नगर-निगम, बैंकिंग ए.टी.एम व कई शासकीय एवं निजी अस्पतालों के वाहन पार्किंग के सुरक्षाकर्मियों तक भी सेनेटाईजर की कमी नजर आई. इन जगहो पर कोरोना संक्रमण सुरक्षा से संबंधित किसी भी प्रकार की सुविधा ना होना ही, राजधानी में बड़ी लापरवाही कि दशा को दर्शाता है.

सेनेटाईजर की कमी से जूझ रहा मेकाहारा :

ताज्जुब की बात यह है कि राज्य के सबसे बड़े शासकीय अस्पताल डॉ. भीमराव अंबेडकर में भी कोरोना सुरक्षा को लेकर बहुत कमिया नजर आ रही हैं. मेकाहारा अस्पताल के ट्रामा सेंटर गेट में मौजूद सुरक्षाकर्मियों व हॉस्पीटल के पुलिस चौकी में पदस्थ पुलिसकर्मियों के पास भी सेनेटाईजर जैसी कोई भी सुविधा उपलब्ध नजर नही आई जिस पर छत्तीसगढ़ डाइजैस्ट समाचार टीम ने स्टाप के कर्मियों से पूछताछ की पर कर्मियों द्वारा बातचीत में नाम नही बतायें जाने पर के शर्त पर कर्मियों ने दबे जुबान में कई खामियाो को गिनाते हुवे कहा कि – अस्पताल में कोरोना संक्रमण सुरक्षा/बचाव हेतु सेंटेराइज़ की उपलब्धता नही है, जिससे अस्पताल में कार्यरत कर्मियों/सुरक्षाकर्मियों साथ ही अस्पताल में आने-जाने वाले मरीज व मरीजो के परिजनो पर कोरोना संक्रमित होने की आशंका बनी हुई है, जो भविष्य में बहुत बड़ी लापरवाही के रूप मे दर्शित हो रही है.

डॉ. भीमराव अंबेडकर अस्पताल रायपुर

कोरोना काल में राज्य के बड़े अस्पतालों का हाल ऐसा है, तो फिर सुरक्षा कैसी ? राज्य के बड़े अस्पताल के कर्मियों के साथ-साथ वह पुलिसकर्मी भी जो बिना छुट्टी लिए अपनी ड्यूटी पुरी कर रहा है सुरक्षित नही. शासन को इस गंभीर चुनौती वाली विषय को संज्ञान में लेकर अस्पताल के बड़े अधिकारियों से चर्चा कर प्रबंधन में पाई जा रही कमियो को पुरी करने के लिए समय रहते उचित रूप से ठोस कदम उठाना चाहिए, साथ ही शासन द्वारा जारी दिशा- निर्देशों को केवल मौखिक नही धरातल पर अमल करना होगा तभी यह वाक्य सार्थक होगा कि – सुरक्षित रहे. सतर्क रहे. स्वस्थ रहे.

Related Articles

Stay Connected

22,042FansLike
3,376FollowersFollow
0SubscribersSubscribe

Latest Articles